(भैंसदेही/शंकर राय) भैंसदेही के झल्लार में पेट्रोल पंप डी-सील करने के नाम पर रिश्वत लेने के मामले ने आखिरकार जिले के प्रशासनिक गलियारों में भूचाल ला दिया है। हमारे पोर्टल की एक्सक्लूसिव खबर पर संज्ञान लेते हुए संवेदनशील कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने पेट्रोल पंप संचालक की शिकायत पर भैंसदेही के कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी धरमदास पनिका को निलंबित कर दिया है।

मामला क्या है? जानकारी के अनुसार, 29 जुलाई 2025 को रूद्रानी किसान सेवा केंद्र (झल्लार) के डीलर नयन कुमार आर्य के पेट्रोल पंप को कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी धरमदास द्वारा जांच के नाम पर सील कर दिया गया था। जांच में पेट्रोल एवं डीजल के नोज़ल से पानी की मात्रा नहीं पाई गई थी, फिर भी अधिकारी ने पंचनामा बनाकर पंप बंद कर दिया।

बाद में IOCL वेंडर द्वारा टैंक की जांच कराई गई जिसमें रिपोर्ट पूरी तरह टोर्लेन्स लिमिट के अंदर आई और 30 जुलाई को जांच रिपोर्ट अधिकारी को भेज दी गई। इसके बावजूद 2–3 दिन तक पंप डी-सील नहीं किया गया और उल्टा सूत्रों के माध्यम से पंप संचालक पर रिश्वत देने का दबाव बनाया गया।

रिश्वत का वीडियो हुआ वायरल सामाजिक और व्यावसायिक दबाव में आकर पेट्रोल पंप संचालक ने अंततः अधिकारी को रिश्वत दी। इसी दौरान घटना का वीडियो फुटेज भी सामने आया, जिसने पूरे जिले में हड़कंप मचा दिया।

कलेक्टर ने की बड़ी कार्रवाई शिकायत और वीडियो सामने आने के बाद बैतूल कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी धरमदास को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। इस संबंध में जानकारी अधिकारी टेकाम ने दी। साथ ही भैंसदेही का प्रभार अब ममता सरेआम को सौंपा गया है।


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