(भैंसदेही /शंकर राय)नवरात्रि के पावन अवसर पर भैंसदेही नगर में माता महाकाली की आराधना का दिव्य दृश्य देखने को मिला। नगर के मंगलवारी प्रांगण में पूरे 10 दिनों तक माता रानी की विशेष पूजा-अर्चना, आरती और भजन संध्या का आयोजन हुआ। भक्तिभाव और आस्था से ओतप्रोत वातावरण में शनिवार को माता रानी की विदाई का भव्य समारोह संपन्न हुआ, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने शामिल होकर पुण्य लाभ प्राप्त किया।
विदाई यात्रा जब नगर के प्रमुख मार्गों से गुज़री, तो हर गली-मोहल्ला “जय माता दी” के गगनभेदी नारों से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने मार्ग में जगह-जगह फूलों की वर्षा कर माता रानी का स्वागत किया। महिलाएं थाल सजाकर आरती करती नजर आईं, वहीं युवाओं ने डीजे की धुन पर नाचते हुए मां की शोभायात्रा को ऐतिहासिक बना दिया।
विदाई के दौरान नगर के पूर्णघाट पर भक्तों ने सामूहिक रूप से पूजा-अर्चना कर माता रानी का विसर्जन वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पूर्णा नदी में किया। विसर्जन के क्षणों में भावुक माहौल देखने को मिला जहां एक ओर भक्ति की लहर थी,वहीं दूसरी ओर मां की विदाई का भावनात्मक दृश्य लोगों की आंखों को नम कर गया।
नगर की बड़ी संख्या में महिलाएं, बच्चे, बुजुर्ग और युवक विसर्जन में शामिल हुए। संपूर्ण नगर में भक्ति और एकता का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। सभी ने माता रानी से नगर की खुशहाली, समृद्धि और शांति की कामना की।
इस आयोजन की सबसे खास बात यह रही कि पूरे 10 दिनों तक नगर में भक्ति, अनुशासन और सांस्कृतिक एकता का अद्वितीय उदाहरण देखने को मिला। भक्तों ने कहा मां महाकाली की कृपा से भैंसदेही में हर साल यह आयोजन और भव्य होता जा रहा है।